Course Duration
2 महीने
Videos
1.5 घंटे/ सत्र
No. Of Sessions
40 सत्र
Sessions per week
2 सत्र/सप्ताह
Language
Hindi
Eligibility
इस कोर्स में सभी भक्त जुड़ सकते हैं
Schedule of Classes
Starts on
-
About the Teacher
VISNU SUROTTAMA DAS
About the Teacher
The academic qualification of the instructor is M.COM, FCMA. worked in PSU as Regional Director/ chief general manager ( Finance). Preached Krishna consciousness in Gulf countries like Saudi Arabia in very difficult and tiring conditions. Already completed Bhakti Shastri and Bhakti Vaibhav and now pursuing Bhakti Vedanta
Course Overview
कोर्स विवरण:
प्रतिभागी श्रील प्रभुपाद के भाव (मूड) और उनके मिशन का गहराई से अध्ययन करेंगे। वे उनके दिव्य संघर्षों को देखेंगे तथा उनके मार्ग में आने वाली हर बाधा के समाधान को समझेंगे।
कोर्स सामग्री:
- “श्रील प्रभुपाद लीलामृत – भाग 2” — सत्स्वरूप दास गोस्वामी द्वारा
- “कठिनाई क्या है?” (What is the Difficulty?) — श्रुतकीर्ति दास द्वारा
लक्षित दर्शक:
वे सभी वैष्णव जो हमारे समय के एक महानतम वैष्णव के बारे में अधिक जानना चाहते हैं।
मूल्यांकन योजना:
कोर्स में चार वस्तुनिष्ठ (Objective) परीक्षा होगी, जिनका उद्देश्य छात्रों की समझ और ज्ञान का मूल्यांकन करना है।
इस कोर्स से छात्र क्या हासिल करेंगे?
विद्यार्थी प्रभुपाद के पदचिह्नों का अनुसरण करने के लिए प्रेरित होंगे और कृष्ण भावनामृत से जुड़े कार्यों को अधिक प्रभावी ढंग से कर सकेंगे।
कोर्स में क्यों शामिल होना चाहिए?
जो व्यक्ति श्रील प्रभुपाद की लीलाओं का निकट से आस्वादन करना चाहता है और इस्कॉन की स्थापना व विस्तार में प्रभुपाद के महान परिश्रम को ठीक से समझना चाहता है।
इस पाठ्यक्रम के माध्यम से हम विद्यार्थियों की किन समस्याओं का समाधान कर रहे हैं?:
विद्यार्थी प्रभुपाद की दिव्य गतिविधियों से प्रेरित होंगे और कृष्ण भावनामृत के मार्ग पर प्रगति करेंगे, क्योंकि प्रभुपाद की लीलाओं का श्रवण और पठन, जो भगवान के शुद्ध भक्त हैं, मन को शुद्ध करता है।